कानपुर न्यूज डेस्क: रूस में कानूनी तौर पर काम कर रहे कानपुर के एक भारतीय इंजीनियर को कथित तौर पर हिरासत में लिए जाने का मामला सामने आया है। उनकी पत्नी स्नेहा गुप्ता ने आरोप लगाया है कि उनके पति चंदन गुप्ता पर रूसी सेना में शामिल होने का दबाव बनाया जा रहा है। स्नेहा ने सोशल मीडिया पर वीडियो जारी कर भारत सरकार और उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मदद की अपील की है।
करीब 1 मिनट 15 सेकंड के वायरल वीडियो में स्नेहा ने बताया कि वह अपने पति चंदन और 10 साल के बेटे के साथ रूस में रह रही हैं। उनके मुताबिक, 5 सितंबर को रूसी पुलिस ने चंदन को हिरासत में ले लिया। उन्होंने कहा कि उनके पति ने कुछ गलत नहीं किया और उन्हें जेल भेज दिया गया है। भाषा की परेशानी का जिक्र करते हुए स्नेहा ने लोगों से वीडियो को ज्यादा से ज्यादा शेयर करने और उनकी मदद करने की अपील की।
चंदन मूल रूप से कानपुर के रहने वाले हैं और नोएडा की कंपनी यूफ्लेक्स के साथ इंजीनियर के तौर पर काम कर रहे थे। कुछ रिपोर्टों में दावा किया गया है कि चंदन को एक दोस्त के साथ सार्वजनिक जगह पर शराब पीने और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने के आरोप में हिरासत में लिया गया। हालांकि, उनकी पत्नी ने इन आरोपों से इनकार करते हुए कहा कि उनके पति ने कुछ नहीं किया। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि रूस में कुछ लोगों को सेना में शामिल होने के लिए मजबूर किया जा रहा है।
मामले पर रूस में भारतीय दूतावास ने भी प्रतिक्रिया दी है। दूतावास ने कहा कि वह स्नेहा और स्थानीय अधिकारियों के संपर्क में है और परिवार को हर संभव सहायता दी जा रही है। दूतावास ने यह भी बताया कि स्थानीय कानून प्रवर्तन एजेंसियों के अनुसार यह कानूनी मामला है और वे इसकी जांच कर रहे हैं। साथ ही दूतावास ने चंदन से कांसुलर संपर्क की अनुमति मांगी है। रूस-यूक्रेन युद्ध शुरू होने के बाद से कई भारतीयों के रूसी सैन्य इकाइयों से जुड़े होने के मामले सामने आए हैं। विदेश मंत्रालय के मुताबिक, जुलाई में करीब दो दर्जन भारतीय अभी भी रूसी सेना में थे और उनकी रिहाई के प्रयास जारी थे। भारत सरकार लगातार रूस से इन भारतीयों की वापसी की मांग कर रही है और भारतीयों को जोखिम वाले नौकरी के ऑफर से दूर रहने की सलाह भी दी है।