कानपुर न्यूज डेस्क: कानपुर में राष्ट्रीय राजमार्गों पर बढ़ते अतिक्रमण और सड़क हादसों को देखते हुए जिला प्रशासन ने बड़ा अभियान चलाने का फैसला किया है। आईआईटी से रामादेवी तक राष्ट्रीय राजमार्ग के दोनों ओर 2500 से अधिक अतिक्रमण चिह्नित किए गए हैं, जिन्हें जल्द ही बुलडोजर चलाकर हटाया जाएगा।
यह निर्णय जिलाधिकारी जितेंद्र प्रताप सिंह की अध्यक्षता में आयोजित जिला स्तरीय सड़क सुरक्षा समिति की बैठक में लिया गया। अधिकारियों ने बताया कि कई स्थानों पर लोगों ने स्थायी निर्माण कर दुकानें संचालित कर रखी हैं, जबकि कुछ जगहों पर अवैध निर्माण कर उन्हें किराये पर भी दिया जा रहा है। प्रशासन ने राष्ट्रीय और राज्य राजमार्गों को पूरी तरह अतिक्रमणमुक्त कराने के निर्देश दिए हैं।
बैठक में हाईवे टास्क फोर्स को सक्रिय करने और विशेष अभियान चलाने का निर्णय लिया गया। जिलाधिकारी ने कहा कि अतिक्रमण कर स्थायी निर्माण कराने और बिजली कनेक्शन लेने वालों के खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। साथ ही नौबस्ता-हमीरपुर मार्ग पर रात के समय विशेष प्रवर्तन अभियान चलाने और बिना नंबर प्लेट वाले वाहनों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए गए।
सड़क सुरक्षा को लेकर प्रशासन अब स्कूलों के माध्यम से जागरूकता अभियान भी चलाएगा। विद्यार्थियों को सड़क सुरक्षा संबंधी पत्र दिए जाएंगे, जिन्हें अभिभावकों से भरवाकर स्कूल में जमा कराया जाएगा। इसमें हेलमेट, सीट बेल्ट, वैध ड्राइविंग लाइसेंस, रॉन्ग साइड ड्राइविंग और ओवरस्पीडिंग से जुड़े सवाल होंगे। अभिभावकों को सड़क सुरक्षा नियमों के पालन की शपथ भी दिलाई जाएगी।
बैठक में ट्रैफिक नियमों के उल्लंघन के आंकड़े भी सामने आए। मई महीने में बिना हेलमेट वाहन चलाने पर 32,631 चालान, ओवरस्पीडिंग पर 10,252 चालान और रॉन्ग साइड ड्राइविंग पर 10,304 चालान किए गए। वहीं मॉडिफाइड साइलेंसर और प्रेशर हॉर्न के खिलाफ 5,559 मामलों में कार्रवाई की गई।